डीजी होमगार्ड एवं सिविल डिफेंस के आदेशानुसार तथा उपायुक्त आयुष सिन्हा के दिशा-निर्देशों के तहत मंगलवार को सेक्टर-14 स्थित मानव रचना इंटरनेशनल स्कूल में भूकंप जैसी प्राकृतिक आपदा से बचाव एवं राहत कार्यों की तैयारियों का आकलन करने के उद्देश्य से मॉकड्रिल आयोजित की गई। नोडल अधिकारी तहसीलदार सुमेर सिंह के नेतृत्व में आयोजित इस मॉकड्रिल में एसीपी सराय मुख्य संदीप मोर बतौर मुख्य अतिथि उपस्थित रहे।

मॉकड्रिल में विद्यालय के 1700 विद्यार्थियों और 50 शिक्षकों के अलावा एसडीआरएफ, होमगार्ड, सिविल डिफेंस, अग्निशमन विभाग एवं रेडक्रॉस की टीमों तथा सिविल डिफेंस के स्वयंसेवकों ने भाग लिया। अभ्यास के दौरान भूकंप की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों का प्रदर्शन किया गया। इसमें 31 घायल विद्यार्थियों को विभिन्न स्ट्रेचर तकनीकों, ब्लैंकेट, व्हीलचेयर तथा अन्य उपलब्ध संसाधनों की सहायता से सुरक्षित निकालने का अभ्यास किया गया। अग्निशमन विभाग की टीम ने पानी की सहायता से आग पर काबू पाने की प्रक्रिया का प्रदर्शन किया।

कार्यक्रम के समन्वयक एवं सिविल डिफेंस के चीफ वार्डन डॉ. एमपी सिंह ने मंच संचालन करते हुए विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को भूकंप के दौरान अपनाए जाने वाले सुरक्षा उपायों तथा बरती जाने वाली सावधानियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आपदा के समय सतर्कता, सही निर्णय और त्वरित कार्रवाई से जान-माल के नुकसान को कम किया जा सकता है। जितेंद्र कालीरमन के नेतृत्व में बचाव दल ने दो घायलों को बहुमंजिला इमारत से रस्सियों की सहायता से सुरक्षित नीचे उतारने का अभ्यास किया। वहीं, रेडक्रॉस की टीम ने प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराने के लिए फर्स्ट एड पोस्ट स्थापित की।

मॉकड्रिल सुबह 10:30 बजे शुरू होकर दोपहर एक बजे संपन्न हुई। कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य प्रदीप शर्मा ने सभी अधिकारियों, बचाव दलों, स्वयंसेवकों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया। मॉकड्रिल के दौरान किसी के हताहत होने की कोई सूचना नहीं रही। यह अभ्यास विभिन्न विभागों की आपसी समन्वय क्षमता, आपातकालीन प्रतिक्रिया और बचाव तैयारियों का आकलन करने के साथ-साथ विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को आपदा प्रबंधन के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया।