*पात्र वाहन स्वामियों तक योजना का लाभ पहुंचाने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश*

*बीएस-6 वाहनों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से लागू योजना के तहत नए वाहन की खरीद पर एक्स-शोरूम कीमत में 8 प्रतिशत छूट सहित विभिन्न लाभों का प्रावधान*

जिला में परिवर्तन योजना के प्रभावी क्रियान्वयन, व्यापक प्रचार-प्रसार और अधिकाधिक पात्र वाहन स्वामियों तक योजना का लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से जिला परिवहन अधिकारी एवं क्षेत्रीय परिवहन प्राधिकरण (आरटीए) के सचिव संजीव सिंगला की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। बैठक में ट्रांसपोर्टर्स, वाहन डीलर्स, मूल उपकरण निर्माता (ओईएम), स्क्रैप डीलर्स और बैंकर्स ने भाग लिया। इस दौरान सहायक जिला परिवहन अधिकारी एवं सहायक परिवहन आयुक्त हरेंद्र वीर तथा सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के प्रतिनिधि मनीष तिवारी भी उपस्थित रहे।

बैठक के दौरान सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के अधिकारियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रेजेंटेशन के जरिए परिवर्तन योजना के उद्देश्यों, पात्रता संबंधी शर्तों, निर्धारित प्रक्रिया और इसके अंतर्गत मिलने वाले विभिन्न लाभों की विस्तृत जानकारी दी। साथ ही, योजना के प्रभावी क्रियान्वयन में वाहन डीलर्स, ओईएम, स्क्रैप डीलर्स और बैंकर्स की भूमिका पर चर्चा करते हुए सभी हितधारकों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने पर जोर दिया गया।

जिला परिवहन अधिकारी एवं आरटीए के सचिव संजीव सिंगला ने बताया कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में बीएस-6 उत्सर्जन मानकों वाले वाहनों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से परिवर्तन योजना लागू की गई है। योजना के तहत निर्धारित पात्रता एवं शर्तों को पूरा करने वाले वाहन स्वामियों को पुराने वाहनों के स्थान पर नए बीएस-6 मानक के वाहन अपनाने के लिए विभिन्न वित्तीय प्रोत्साहन दिए जाने का प्रावधान है। इसके अंतर्गत पात्र वाहन की खरीद पर एक्स-शोरूम कीमत में 8 प्रतिशत की छूट और पंजीकरण शुल्क में 100 प्रतिशत छूट जैसे लाभ शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए वाहन स्वामियों को निर्धारित नियमों के अनुसार पुराने वाहन का निस्तारण करना होगा। इसके लिए संबंधित वाहन डीलर्स और स्क्रैप डीलर्स की भूमिका महत्वपूर्ण है, ताकि वाहन स्वामियों को आवश्यक प्रक्रिया, दस्तावेजों और पात्रता संबंधी शर्तों की सही जानकारी मिल सके। उन्होंने सभी संबंधित पक्षों से योजना के प्रावधानों के बारे में आमजन को जागरूक करने तथा पात्र लाभार्थियों को आवेदन एवं अन्य औपचारिकताएं पूरी करने में आवश्यक मार्गदर्शन देने का आह्वान किया।

संजीव सिंगला ने बताया कि योजना के अंतर्गत निर्धारित शर्तों के अधीन पात्र मामलों में 10 वर्ष तक मोटर वाहन कर में 100 प्रतिशत की छूट तथा पंजीकरण शुल्क में 100 प्रतिशत छूट सहित अन्य लाभ दिए जाने की व्यवस्था है। साथ ही वाहन लोन कराने की स्थिति में रेट ऑफ इंटरेस्ट पर 5 प्रतिशत की छूट का भी प्रावधान है।

बैठक में सहायक जिला परिवहन अधिकारी एवं सहायक परिवहन आयुक्त हरेंद्र वीर ने भी योजना के अधिकाधिक पात्र लाभार्थियों तक लाभ पहुंचाने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने संबंधित हितधारकों से आपसी समन्वय के साथ कार्य करने और वाहन स्वामियों को योजना की शर्तों, उपलब्ध प्रोत्साहनों तथा निर्धारित प्रक्रिया के संबंध में स्पष्ट जानकारी देने की अपील की।